चॉकलेट व्यवसाय: चॉकलेट बनाने का व्यापार कैसे शुरू करें

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परिचय (Introduction)

चॉकलेट खाने के लिए कोई भी अवसर, समय, मौसम या मूड नहीं देखा जाता। जब भी चॉकलेट खाने के मन हो। एक चॉकलेट निकालों और गप से खा जाओ। चॉकलेट सिर्फ एक ही तरह की नहीं होती है। यह स्वाद में बहुत सारे प्रकार में पाई जाती जाती है। इनके प्रकार इतने होते हैं, कि आप कल्पना भी नहीं कर सकते।  सबसे बड़ी बात आज के समय में चॉकलेट तक लोगों की पहुच बड़ी आसान हो गई है।   चॉकलेट कई लोगों का मीठा खाने में पसंदीदा विकल्प है। इसका कारण बहुत सरल है- यह कई रूपों में वितरित और बेचे जाते हैं। यह खाने में स्वादिष्ट होते हैं, और दूरदराज के स्थानों में भी आसानी से उपलब्ध होते हैं। एक चॉकलेट व्यवसाय का  स्टार्टअप शुरू करना बहुत अच्छा विचार है। चॉकलेट व्यवसाय का स्टार्टअप शुरू करने के लिए आपको उपकरण, योजना, कार्यान्वयन, निष्पादन और सबसे महत्वपूर्ण- मार्गदर्शन इन सब की जरूरत होती है। जिनके बारे में हमने इस लेख में  बताया है।

यदि आप घर पर चॉकलेट बनाना पसंद करते हैं, तो आप अपना खुद का व्यवसाय शुरू कर सकते हैं और अपने ब्रांड के नाम के तहत हाथों से बनी हुई चॉकलेट बेच सकते हैं। आज के समय में लोग तेजी से होममेड चॉकलेट खाना पसंद कर रहे हैं। यही वजह है की आज के समय में  होममेड चॉकलेट कंपनी सफल हो रही है। 2017 के एक शोध के अनुसार, एक साल में लगभग 300,000 टन चॉकलेट खाई गई।

नतीजतन, यह शुरू करने के लिए एक सफल व्यवसाय है, और यदि आपके ग्राहक  आपकी चॉकलेट खाने का आनंद लेते हैं, तो आपका मुनाफा और बढ़ जाता है। हालांकि, आपको एक बात का ध्यान रखना जरूरी है, आपके द्वारा बनाई जाने वाली चॉकलेट अच्छी गुणवत्ता वाली हो।  ताकि ग्राहक हमेशा आपके प्रतिस्पर्धियों की तुलना में आपकी चॉकलेट लेना पसंद करें।

भारत में चॉकलेट उद्योग (Chocolate Industry in India)

हाल के वर्षों में, भारत दुनिया के सबसे तेजी से बढ़ते चॉकलेट बाजारों में से एक के रूप में उभरा है, जिसका कुल बाजार 2016 में 112.5 मिलियन भारतीय रुपये से अधिक था। इस तथ्य के बावजूद कि चॉकलेट का उत्पादन और खपत हर साल बढ़ रही है,  तब भी केवल कुछ ही चॉकलेट उद्योग पर कंपनियों का दबदबा बना हुआ है। मोंडेलेज, जिसे पहले भारत में कैडबरी के नाम से जाना जाता था, 1990 के दशक से देश का शीर्ष चॉकलेट निर्माता रहा है।

2016 में, इसने देश के चॉकलेट कन्फेक्शनरी बाजार का लगभग 49 प्रतिशत पर अपना कब्जा जमाया हुआ था । जो की अन्य वैश्विक खाद्य और पेय व्यवसाय की तुलना में कहीं अधिक था। आज के समय में नेस्ले, की बाजार में हिस्सेदारी लगभग 13% है। आपको सफल चॉकलेट व्यवसाय शुरू करने और इसे बनाए रखने के लिए जिन-जिन चीजों के बारे में जानकारी चाहिए। वो सभी यहाँ पर बताई गई है। इन जानकारियों का विस्तृत तरीके के बारे में जानने के लिए आगे पढ़ें।

वैसे तो भारत में चॉकलेट से संबंधित व्यवसाय प्रचुर मात्रा में हैं, जो कि कुछ लोगों की पहुंच तक ही सीमित है। लेकिन दो सबसे ज्यादा प्रसिद्ध भारतीय चॉकलेट निर्माताओं में पारले और कैंडीमैन शामिल हैं। हालांकि, ये बहुत पहले और पूरी तरह से अलग परिस्थितियों में स्थापित किए गए थे।

चॉकलेट उद्योग का बाजार मूल्य (chocolate industry market value  )

चॉकलेट श्रेणी में प्रीमियम और सुपर-प्रीमियम चॉकलेट की कुल हिस्सेदारी केवल 11% है। जब चॉकलेट पर उपभोक्ता के खर्च की बात आती है, तो बड़े पैमाने पर चॉकलेट ब्रांडों का कुल खर्च का 15%, प्रीमियम ब्रांडों का 43% और सुपर-प्रीमियम सेगमेंट का कुल खर्च का लगभग 40%  होता है। 2019 में वैश्विक चॉकलेट उद्योग की कीमत 1,682 मिलियन डॉलर था , और इसके साथ ही 16% चक्रवृद्धि वार्षिक विकास दर (CAGR) पर विकसित होने की उम्मीद है।

आज के समय में 22 प्रकार से अधिक के दूध के द्वारा चॉकलेट बनाई जाने लगी है। जिसकी वजह से यह सभी के लिए सुलभ हो गई है। घरेलू चॉकलेट और कन्फेक्शनरी शहरों में अपने नए ब्रांड को स्थापित करने के लिए सोशल मीडिया का उपयोग कर रहे हैं, जबकि हाइपरमार्केट ने अपने साप्ताहिक/मासिक ऑफ़र के साथ चॉकलेट जैसी चीजों को और भी अधिक आकर्षक और सुलभ बना दिया है।

चॉकलेट व्यवसाय के लिए बनाए बिज़नेस प्लान (Creating a Business Plan for Chocolate Business)

कार्यकारी सारांश  (Executive Summary)

अपने व्यवसाय की सफलता के लिए एक अच्छी रणनीति की आवश्यकता होती है। यह आपकी कंपनी के विवरण को मैप करने और कुछ अज्ञात चीजों को उजागर करने में आपकी सहायता करती है। अपने व्यवसाय का कार्यकारी सारांश बनाने के लिए निम्नलिखित महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विचार करें:

प्रारंभिक और चल रहे खर्च क्या हैं?

आपके प्राथमिक ग्राहक कौन है?

आप ग्राहकों से अपने प्रोडक्ट के अधिकतम कितनी राशि ले सकते हैं?

आप अपनी कंपनी के बारे में ग्राहकों से क्या कहेंगे?

प्रमाणपत्र और लाइसेंस (Certification And License)

एक सफल चॉकलेट व्यवसाय स्थापित करने के लिए, आपको निम्नलिखित लाइसेंस और प्रमाणपत्रों की आवश्यकता होगी। कसी भी व्यवसाय के लिए लाइसेंस प्राप्त करना पहला और सबसे महत्वपूर्ण कदम है। इसके लिए आपको स्थानीय सरकार से अनुमति लेनी होगी। ताकि भविष्य में कोई परेशानी न हो। यदि आप एक कारपोरेशन बनाकर चॉकलेट का व्यवसाय स्थापित कर रहे हैं, तो आपको पहले अपना  कारपोरेशन पंजीकृत करना होगा। जब एक बार यह पंजीकृत हो जाता है, तो आपका व्यवसाय वैध माना जाता है, क्योंकि आजकल भारत में कई फर्जी कंपनियां स्थापित हैं, जो अवैध सेवाएं प्रदान करती हैं।

·         FSSAI प्रमाणपत्र (FSSAI Certificate) – चॉकलेट व्यवसाय खाने से जुड़ी हुई कंपनी है। यही वजह है कि आपको FSSAI प्रमाणपत्र लेने की जरूरत होती है। यह प्रमाणपत्र आप FSSAI की वेबसाइट से   प्राप्त कर सकते हैं।  खाद्य उत्पाद बनाने के लिए, राज्य के स्वास्थ्य विभाग  से आपके किचन की जांच भी की जाती है।

·         ट्रेडमार्क पंजीकरण (Trademark Registration) – एक फर्म शुरू करते समय, ट्रेडमार्क पंजीकरण कराना बहुत महत्वपूर्ण होता है। इससे कोई अन्य ब्रांड या कंपनी आपके लोगो की नकल नहीं कर पाएगी। ग्राहकों को आपसे संपर्क करने में कोई समस्या नहीं होगी, और आप पर उनका भरोसा पीढ़ियों तक बना रहेगा।

·         जीएसटी नंबर (GST Number) – अपना व्यवसाय शुरू करने से पहले आपको अपनी फर्म के नाम पर एक चालू खाता पंजीकृत कराना होगा। इसके लिए आपको एक GST नंबर की आवश्यकता होगी।

चॉकलेट बनाना सीखने के लिए प्रशिक्षण (Training to Learn the Chocolate-Making Process)

चॉकलेट बनाने का तरीका सीखने के लिए आपको किसी प्रशिक्षण केंद्र में जाने की आवश्यकता नहीं है। आप घर बैठे गूगल पर सर्च करके अपनी जरूरत की सभी बेहतरीन जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। आप Google पर कई वीडियो देख सकते हैं। लेख पढ़ सकते हैं। आपको  यहां चॉकलेट बनाने  के बारे में आवश्यक सभी जानकारियां मिल जाएगी। आश्चर्यजनक रूप से स्वादिष्ट चॉकलेट ढूंढना किसी ख़ास स्पर्श  से जोड़ने का एक तरीका है। ताकि यह लोगों को आकर्षित करे और आप इससे बाजार में लाभ कमा सकें और बहुत सारा पैसा कमा सकें।

मार्केटिंग की योजना (Marketing Plan)

चॉकलेट फर्म को लॉन्च करने की पहली आवश्यकता होती है, उसकी मार्केटिंग करना। मार्केटिंग एक ऐसी चीज है, तो लोगों को आपके उत्पाद के बारे में बताती है। स्मार्ट मार्केटिंग रणनीतियों में जगह का चुनाव करना भी एक महत्वपूर्ण कदम है, क्योंकि यह वो जगह होती है, जहां  सभी वस्तुओं को बाजार में उतारा जाता है। लोगों तक पहुँचाया जाता है।

निम्नलिखित कदम आपको अपने व्यवसाय के लिए सही जगह चुनने में मदद करेंगे, ताकि अधिक से अधिक लोग आपके उत्पाद के बारे में जान सके।

·         अपने चॉकलेट व्यवसाय से जुड़े हुए विज्ञापन को करने के लिए आप स्थानीय व्यापारियों, आपूर्तिकर्ताओं और डीलरों से संपर्क करें। इसके अतिरिक्त, कंपनी के पोर्टफोलियो को सभी संभावित ग्राहकों को वितरित करें।

·         बिक्री बढ़ाने के लिए कुछ नवीन तकनीकों का उपयोग करना, जैसे गिफ्ट हैंपर के साथ चॉकलेट बॉक्स या बच्चों के स्कूल में एक स्टोर खोलना, भी एक मार्केटिंग का तरीका हो सकता है।

·     कुछ कस्टम ऑर्डर और अपने उत्पाद पर विशेष छूट जैसे ऑफर ग्राहकों को प्रदान करना भी मार्केटिंग का अच्छा तरीका है। इससे भी आपको लाभ होगा।

जनसांख्यिकी लक्ष्य (Target Demographic)

अपने उत्पाद को आप किन लोगों को बेचना चाहते हैं। आपके ग्राहक मुख्य रूप से कौन होगे। इन सब बातों को ध्यान में रखकर लोगों को टारगेट करें। जैसे क्या आप अपना उत्पाद छोटे बच्चों को बेचना चाहते हैं, उदाहरण के लिए किंडर जॉय? या फिर आपका प्रोडक्ट कैडबरी डेयरी मिल्क या टेम्पटेशन जैसे सभी आयु समूहों को बेचा जाएगा?

चॉकलेट व्यवसाय  को खोलने से पहले एक बार जब आप इन सब चीजों को अच्छे से समझ लेते हैं, कि किन लोगों को ध्यान में रखकर आपको चॉकलेट बनाना है। तो आप उस हिसाब से अपनी विज्ञापनों की रणनीति तैयार कर सकते हैं। यदि आपका लक्ष्य 5-10 वर्ष के बच्चों के लिए चॉकलेट बनाने का है, तो आपके विज्ञापनों को न केवल बच्चों को लक्षित करने की आवश्यकता है, बल्कि उनके माता-पिता को यह भी दिखाना चाहिए कि आपका उत्पाद बच्चों के लिए क्यों सुरक्षित है।

एक प्रमोशनल तकनीक का मुख्य उद्देश्य प्राथमिक जनसांख्यिकी के भीतर विभाजनों की पहचान करना होता है, ताकि आप अपने कस्टमर को उत्पाद के संबंध में गुणवत्ता से जुड़ी हुई अधिक व्यक्तिगत जानकारी प्रदान कर सकें। भौगोलिक क्षेत्र, लिंग पहचान, आयु, धन, वर्ग और औपचारिक स्कूली शिक्षा जैसी सभी चीजों का उपयोग आप उपसमूह बनाने के लिए कर सके।

उपकरण और औजार  (Equipment and Tools)

आप चॉकलेट व्यवसाय  की शुरुआत करने के लिए आसानी से कोई भी व्यावसायिक रसोई या एक कमरा किराए पर ले सकते हैं। यदि आप किसी कमरे को किराय पर लेते हैं, तो इसे रसोई के रूप में उपयोग करने के लिए तैयार कर सकते हैं। जब भी आप चॉकलेट व्यवसाय  शुरू करने के लिए जगह का चुनाव करें, तो ध्यान रखें, कि आस-पास कोई गंदगी न हो। वहां पर किसी भी प्रकार का खतरा न हो।  वहां पर किसी भी तरह के कीट और कीड़े नहीं होने चाहिए। चॉकलेट व्यवसाय के  प्रारंभ में, आप इन सभी आवश्यक वस्तुओं को खरीदने का प्रयास करें, जैसे:

·         उच्च गुणवत्ता वाले चॉकलेट कंपोनेंट्स (High-quality chocolate components)

·         रैपिंग (Wrappings)

·         चॉकलेट संरक्षण की सुविधा (A facility for preservation)

·         उत्पादों और अन्य सामग्रियों को स्टोर करने के लिए फ्रिज

·     चॉकलेट बनाने के बर्तन और उपकरण

इन सभी वस्तुओं के साथ अपनी कंपनी शुरू करना बेहतर तरीका है, जैसे-जैसे आपका व्यवसाय बढ़ता है, आप कई अतिरिक्त टूल खरीद कर आगे बढ़ सकते हैं।

परिवहन (Transportation)

देश भर में चॉकलेट जैसी चीजों को बेचने के लिए, आपको प्रत्येक राज्य के प्रमुख हब या शहरों में गोदामों की जरूत होगी। इस बात को ऐसे समझे। आप अपनी चॉकलेट को रिटेलर, डीलर  तक पहुचाने या फिर गोदाम में स्टोक करने और गोदाम से अपने कस्टमर तक पहुचाने के लिए आपको परिवहन की जरूरत पड़ेगी। यदि आपकी परिवहन व्यवस्था सही तरीके से काम करती है, तो आप समय से अपने उत्पाद लोगों तक पहुंचा सकते हैं।

एक बार जब आप यह तय कर लेते हैं कि आपको अपना उत्पाद किसे बेचना हैं, और आपकी पूंजी चॉकलेट व्यवसाय करने के लिए जगह खरीदने या किराए पर लेने के लिए किस चीज की अनुमति देती है। उस हिसाब से आप परिवहन के तरीके पर निर्णय ले सकते हैं। सुनिश्चित करें कि आप ज्यादा लोगों तक पहुँच बनाने के लिए खुद को जरूरत से ज्यादा नहीं खींच रहे हैं। बहुत ज्यादा पूंजी एक समस्या है, तो आप अपने बजट के अनुसार ही सभी चीजों का निर्धारण करें। जैसे जैसे व्यवसाय बढ़ता जाए, आप अपनी पूंजी को बढ़ाते जाए।

 इन बातों पर भी गौर करें। आपके पास ऐसे कितने ऑर्डर है, जो लगातार आते रहते हैं या फिर व्यक्तियों द्वारा मंगाए जाते हैं। उस हिसाब से आप अपने माल को बेचने के लिए  या तो स्थानीय पार्सल कूरियर सेवा का प्रयोग कर सकते हैं।  या फिर एक रेफ्रिजरेटेड ट्रक किराए पर ले सकते हैं। आप पूरी तरह से ऑनलाइन व्यापार भी कर सकते हैं और ज़ोमैटो या स्विगी जैसे तीसरे पक्ष के समूह के साथ साझेदारी भी कर सकते हैं।

आपके चॉकलेट व्यवसाय के लिए मार्केटिंग योजना (Marketing Plan for your Chocolate Business)

शुरूआती तौर पर चॉकलेट व्यवसाय शुरू करने के लिए आप सोशल मीडिया का सहारा लें। आप ब्लॉग या छोटी वेबसाइट के माध्यम से भी अपने  ब्रांड के संदेश, आपका लक्ष्य, और आप ऑर्डर कैसे प्राप्त करते हैं। इन सबकी जानकारी देना शुरू करें।  आप यहाँ बताए कि आप अपनी कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व जिम्मेदारियों (सीएसआर) को कैसे पूरा करना चाहते हैं। यदि आपके पास स्पष्ट सोच है कि आप अपने इच्छित स्थान और समूहों के भीतर अपने उत्पाद के बारे में कैसे जानकारी देंगे। तो आपको शुरुआत में मार्केटिंग टीम को नियुक्त करना आवश्यक नहीं है।

व्यवसाय के लिए सोशल मीडिया पर उपस्थिति का महत्व (Importance of a Good Social Media Presence for Businesses)

आज की अर्थव्यवस्था में, विशेष रूप से छोटी फर्मों के लिए एक सोशल मीडिया पर मजबूत उपस्थिति सबसे महत्वपूर्ण है। इससे सभी क्षेत्रों के लोगों तक पहुंचना वाकई आसान हो गया है। आपको बस इस बात की बुनियादी समझ होनी चाहिए कि इंस्टाग्राम , फेसबुक के विज्ञापन कैसे काम करते हैं। इसके  साथ ही आपको ऐसे लोगों के बारे में पता होना चाहिए, जो आपके लिए उच्च-गुणवत्ता वाले क्रिएटिव विज्ञापन और उसकी प्रतिलिपि बना सके।  यदि आप यह दोनों चीजें खुद से कर रहे हैं, तो  कैनवा एक ऐसा ओपन-सोर्स प्रोग्राम है , जो उपयोग करने में बहुत ही आसान है।  अपने व्यवसाय के लिए आप व्हाट्सएप बिजनेस अकाउंट (https://business।whatsapp।com/ ) का भी सहारा ले सकते हैं। यह भी एक अच्छा विचार है।

लाइसेंस प्राप्त करें (Get Appropriate Licensing)

एक बार जब आप अपनी व्यवसाय की पूरी योजना को कागजों पर बना लेते हैं। आपके पास पूंजी भी पर्याप्त मात्रा में है। व्यवसाय को बढ़ाने के लिए रणनीति भी तैयार है, तो अब आपको व्यवसाय के कानूनी पहलू पर गंभीरता से विचार करना आवश्यक है। अपने व्यवसाय को शुरू करने के लिए किन-किन कानूनी कागजात या लाइसेंस की जरूरत होती है, इनके बारे में भी जान लें।

1.    FSSAI प्रमाणपत्र (FSSAI Certification) – FSS (भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण) दिशा निर्देश 2011, जो कि सबसे महत्वपूर्ण लाइसेंसों में से एक है, भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (FSSAI) द्वारा यह प्रदान किया जाता है।

2.    व्यापार पंजीकरण (Business Incorporation) – भारत में चॉकलेट व्यवसाय के लिए कानूनी वैधता प्राप्त करने और विभिन्न प्रकार के वित्त पोषण का लाभ उठाने के लिए, इस लाइसेंस को लेना जरूरी है।

3.    ट्रेड लाइसेंस (Trade License) – एक वाणिज्यिक लाइसेंस प्राप्त करने के लिए आपको पहले अपने राज्य में संबंधित अधिकारियों से एक एनओसी प्राप्त करना होगा, ताकि आप कोको बिजनेस लाइसेंस का उत्पादन शुरू कर सकें।

4.    ट्रेडमार्क पंजीकरण प्राप्त करना (Obtaining a Trademark Registration) – किसी भी नए व्यवसाय के लिए एक संरक्षित ट्रेडमार्क अब तक की सबसे महत्वपूर्ण चीज है। जब एक बार आप अपने व्यवसाय के लोगों को ट्रेडमार्क के रूप में पंजीकृत कर देते हैं, तो फिर कोई भी व्यक्ति आपके नाम या लोगो का दुरुपयोग नहीं कर सकता। यह ग्राहकों के विश्वास को भी बनाए रखने में मदद करता है।

5.    गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स (Goods and Services Tax (GST) – कंपनी शुरू करने के लिए एक चालू खाता खोलने की जरूरत होती है। और इसे खोलने के लिए आपको एक जीएसटी नंबर की आवश्यकता होगी।

6.    निर्यात और आयात के लिए कोड (Code for Exporting and Importing)- कोको के आयात या निर्यात करने और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपने व्यापार का विस्तार करने के लिए आपको पहले सक्षम प्राधिकारी से आईईसी लाइसेंस प्राप्त करना होगा।

व्यापार बीमा (Business Insurance)

आपके व्यवसाय को सुरक्षित और कानूनी रूप से संचालित करने के लिए, आपको बीमा की आवश्यकता होगी, जैसे आपको लाइसेंस और परमिट की आवश्यकता होती है। ठीक उसी प्रकार आपको व्यापार बीमा की जरूरत होगी। व्यापार बीमा आपके व्यवसाय की किसी भी प्रकार की  हानि  की स्थिति में आपकी कंपनी को वित्तीय रूप से मदद करता है। विभिन्न प्रकार की बीमा पॉलिसियां एक कंपनी द्वारा सामना किए जा सकने वाले जोखिमों की एक विस्तृत श्रृंखला को कवर करती हैं। यदि आप सुनिश्चित नहीं हैं कि आपको किस प्रकार के जोखिमों का सामना अपने व्यवसाय में करना पड़ेगा, तो सामान्य क्षतिपूर्ति कवरेज वाले बीमा से शुरुआत करें। छोटे व्यवसायों को आम तौर पर इस प्रकार के कवरेज की आवश्यकता होती है।

एक नाम खोजें (Find a Name)

जब आपको समझ आ जाता है कि आपका व्यवसाय मॉडल कैसा है। इसमें क्या-क्या चीजें जुड़ी हुई है। अब आपको अपने व्यापार के लिए एक  सरल, रचनात्मक और आकर्षक नाम के बारे में सोचना चाहिए।

वित्तीय विश्लेषण (Financial Analysis)

आपके पास  व्यवसाय में लगाने के लिए कितनी पूंजी है। सबसे पहले इस को अच्छे से समझ लें। क्योंकि आपके पास उपलब्ध पूंजी और विभिन्न स्रोतों से अधिक धन प्राप्त करने की आपकी क्षमता, जैसे बैंक ऋण, परिवार या दोस्तों से धन, या व्यावसायिक साझेदारी आपके व्यवसाय के आकार को परिभाषित करेगी।  आपका उत्पाद कितने समय तक मार्केट में रहेगा, यह कितने दूर तक के ग्राहकों को अपनी और आकर्षित करेगा। यह सब आपकी पूंजी पर ही निर्भर करता है।

इसके साथ ही यह भी सुनिश्चित करें कि आपके पास अपने मार्केटिंग और सोशल मीडिया विज्ञापन पर काम करने के लिए भी पर्याप्त मात्रा में राशि है,  क्योंकि ये दोनों चीजे किसी भी स्टार्ट-अप के प्रमुख घटक होते हैं। जिस पर बिज़नेस निर्भर करता है।

बिज़नेस अकाउंट  (Business Accounting)

आप एक बिज़नेस अकाउंट  खोलकर ब्याज के शुल्क को  कम कर सकते हैं, क्रेडिट सीमा बढ़ा सकते हैं, उपलब्ध क्रेडिट लाइन बढ़ा सकते हैं। आप अपनी कंपनी के नाम पर क्रेडिट कार्ड और वित्तीय सहायता पाने की अर्हता प्राप्त कर सकते हैं।

अपने व्यवसाय के लिए एक बैंक खाता खोलें जिससे आपको निम्नलिखित लाभ होंगे।

1.    बिज़नेस अकाउंट आपके व्यक्तिगत आय-व्यय को आपकी फर्म से अलग रखता है, जो आपकी निजी संपत्ति सुरक्षित रखने के लिए महत्वपूर्ण है।

2.    बिज़नेस अकाउंट आपकी कंपनी के वित्तीय परिणामों का मूल्यांकन करने के लिए आपकी विभिन्न लागतों और राजस्व के स्रोतों पर नज़र रखने को सरल बनाता है।

3.    बिज़नेस अकाउंट लेखांकन प्रक्रिया को भी सरल करता है।

चॉकलेट व्यवसाय के लिए अपनी यूएसपी खोजें  (Find your Unique Selling Proposition)

आपके चॉकलेट व्यवसाय के लिए एक ख़ास यूएसपी होना बेहद जरूरी है, और अपनी अनोखी यूएसपी को ढूंढना आपकी अपेक्षा से अधिक कठिन है। एक यूएसपी प्रोडक्ट की गुणवत्ता, सर्विस या उत्पाद कुछ भी हो सकता है। जिसे केवल आप ही लोगों को बता सकते हैं। यह आपको प्रतिस्पर्धा से आगे निकलने और अधिक उपभोक्ताओं को आकर्षित करने के साथ-साथ अपने ग्राहक आधार को मजबूत बनाने में मदद करता है।

चॉकलेट के प्रकार (Types of Chocolates )

चॉकलेट की तीन मुख्य श्रेणियां हैं:

1.    दूध (Milk)- मिल्क चॉकलेट को अक्सर इसके भूरे रंग, मलाईदार बनावट और मीठे स्वाद के रूप में पहचाना जाता है। इसे बनाने के लिए चॉकलेट लिकर (कोको सॉलिड और कोकोआ बटर) को चीनी और दूध के साथ मिलाया जाता है। चिकनाई में सुधार करने के लिए, सोया लेसिथिन जैसे पायसीकारकों का कभी-कभी उपयोग किया जा सकता है।

2.    डार्क (Dark)- चॉकलेट का दूसरा सबसे लोकप्रिय रूप डार्क चॉकलेट है, जिसमें एक विशिष्ट गहरा चोकलेटी रंग होता है। इसे ब्लैक या बिटरस्वीट चॉकलेट के रूप में भी जाना जाता है, और यह मिल्क चॉकलेट की तुलना में बहुत कम मीठी होती है।

3.    सफेद (White)- सफेद चॉकलेट की क्रीम या आइवरी टिंट इसे स्पॉट करना आसान बनाता है। इसे बनाने के लिए चीनी, कोकोआ मक्खन, दूध, वेनिला और लेसिथिन का उपयोग किया जाता है।

पैकेजिंग के प्रकार (Type of Packaging)

चॉकलेट बन कर तैयार होने के बाद शिपिंग तक में पैकेजिंग का बड़ा महत्त्व होता है। यह आपकी चॉकलेट की गुणवत्ता को बनाए रखने में मदद करती है। इसलिए पैकेजिंग के महत्व को कम करके नहीं आंका जा सकता है। चॉकलेट गर्मी की वजह से जल्दी पिघलने लगती है। इसलिए  इसे इस प्रकार की  पैकेजिंग की आवश्यकता होती है, जो विशेष रूप से उच्च तापमान पर भी इसकी गुणवत्ता को सुरक्षा प्रदान करती रहे।  चॉकलेट के बार अक्सर बहुपरत पैकेजिंग में पैक किए जाते हैं। बहुत पतली एल्यूमीनियम की पन्नी की एक प्राथमिक परत कागज की एक पतली फिल्म में लपेटी जाती है, इसके बाद प्लास्टिक रैपिंग या बॉक्स की एक माध्यमिक परत होती है। बाहरी पैकेजिंग खराब होने की स्थिति में चॉकलेट को एल्यूमीनियम परत द्वारा सुरक्षित कर लिया जाता है।  इसके साथ ही  ब्रांड निर्माता जागरूकता को बढ़ावा देने,  सामान और फर्म के बारे में ग्राहकों के साथ संवाद करने के लिए एक और पैकिंग का उपयोग करते हैं। जो सबसे ऊपर होती है।

ऑफ़र किए  जाने वाले पैकेजों के प्रकार

(व्यक्तिगत, पार्टी पैक, बंडल, आदि)

आप अपनी चॉकलेट को विभिन्न आकर्षक पैकेजों में बेचना चुन सकते हैं। उदाहरण के लिए, आप किसी ख़ास पार्टी या उत्सव के लिए रचनात्मक बंडल बना सकते हैं, जैसे कि कैडबरी के सेलिब्रेशन बॉक्स।  या स्निकर्स के अंदर स्मॉलर ट्रीटस के साथ पार्टी पैक आदि। आप चॉकलेट्स को पेयर भी कर सकते हैं, जो एक साथ अच्छी लगेंगी।

कोको का प्रकार (Type of Cocoa)

आपके द्वारा उपयोग किए जाने वाले कोको का प्रकार आपके ब्रांड के स्वाद को परिभाषित करेगा।

1.    कोको फ़ॉरेस्टरो ( Cocoa Forastero) – यह कोको सुगंधित होता है।

2.    कोको डी क्रियोलो (Cocoa de Criollo)- क्रियोलो के पौधे वर्तमान में 1 से 5% से कम हैं। क्रियोलो कोको अक्सर फलदार और सुगंधित होता है, और इसमें मिठास का स्तर बहुत ज्यादा होता है।

3.    ट्रिनिटारियो कोको (Trinitario Cocoa)-  ट्रिनिटारियो बीन्स कुल कोको उत्पादन का 10% से कम है। क्रियोलो से फ़ॉरेस्टरो का अनुपात, भोगोलिक दृष्टिकोण से इसके उत्पादन और स्वाद पर  गहराई के साथ महत्वपूर्ण प्रभाव डालते हैं।

4.    नैशनल कोको (Nacional Cocoa)- चौथे प्रकार के कोको की  वैरायटी, नैशनल कोको, सबसे कम प्रसिद्ध है। 2011 में, इस बीन्स  की किस्म को पहली बार पेरू में  खोजा गया था। इसे अपने शुद्धतम रूप में दुनिया का सबसे दुर्लभ कोकोआ माना जाता है। नैशनल बीन्स से तैयार चॉकलेट बार चिकने, सुस्वादु और हल्के तीखे होते हैं।

चॉकलेट व्यवसाय की सफल कहानियां (Chocolate Business Success Stories)

51 वर्षीय रूटी पेन कार्लिनर ने 2010 में $50 प्रति माह के हिसाब से एक व्यावसायिक रसोई में कोषेर चॉकलेट का निर्माण करना शुरू किया। उन्होंने 2011 में अपना पहला स्टैंड-अलोन बुटीक खोला था। उनके चॉकलेट ओपरा में “इंगेजमेंट एट द फैंसी फूड्स” के दौरान  को प्रस्तुत किए गए थे। ओपरा न्यूयॉर्क शहर में दिखाएँ जाने वाली पसंदीदा चीजों में से एक है। इन्होने नए चॉकलेटर्स को सलाह देते हुए कहा है कि एक बड़ा चॉकलेट व्यवसाय खोलने से पहले या मूल्यवान हार्डवेयर में निवेश करने से पहले छोटी शुरुआत करें और अपना व्यवसाय बढ़ाएं।

चॉकलेट बनाने के लिए संसाधन (Chocolate Making Resources)

किसी भी चीज की शुरुआत करने के लिए ऑनलाइन पाठ्यक्रम या पुस्तकों के रूप में हमेशा ढेर सारी सामग्री उपलब्ध होती है। हो सकता है कि आप पहले से ही उन बेकर्स के बारे में जानते हो जो चॉकलेट बनाने का शौक रखते हैं। ध्यान रखें कि आपको व्यवसाय चलाने के बारे में  सब कुछ जानने की आवश्यकता है। जैसे चॉकलेट और कई तरह के व्यंजन बनाना, खातों का प्रबंधन, और अपने संगठन की दिन-प्रतिदिन की घटनाओं को संभालना- यह सब महत्वपूर्ण जानकारी है जिसे आपको व्यवसाय शुरू करने से पहले सीखना चाहिए।

पाठ्यक्रम (Courses)

लगभग सभी ट्रेडों के लिए हमेशा बहुत सारे ऑनलाइन पाठ्यक्रम उपलब्ध होते हैं, और इसमें सभी ट्रिक शामिल होती हैं। वैसे तो आप अपने हिसाब से चुन सकते हैं। यहां हमने कुछ चॉकलेट बनाना सीखने के लिए जानकारी उपलब्ध कराई है। आप यहाँ से भी सीख सकते हैं।

1.    चॉकलेट अकादमी (Chocolate Academy)

2.    मंजू की कुकिंग क्लास (Manju’s Cooking Class)

3.    आर्ट चॉकलेट (Art Chocolat)

4.    यम्मी- यूट्यूब चैनल (Yummy- YouTube Channel)

पुस्तकें (Books)

चॉकलेट बनाने और ऑनलाइन  स्टार्टअप को मैनेज करने के बारे में सबसे अच्छी रेटिंग वाली कुछ पुस्तकें हैं।

1.    कोको: एक्सप्लोरेशन ऑफ़ चॉकलेट विथ रेसिपी (Cocoa: An Exploration of Chocolate, With Recipes)

2.    स्टेप बाय स्टेप चॉकलेट कुकबुक (Step by Step Chocolate Cookbook)

3.    द चॉकलेट कुकबुक: वैलेंटाइन डे और विशेष अवसरों के लिए लग्जरी चॉकलेट रेसिपी (The Chocolate Cookbook: Luxury Chocolate Recipes for Valentine’s Day and Special Occasions)

निष्कर्ष (Conclusion)

आज हमने इस लेख में चॉकलेट व्यवसाय शुरू करने के लिए चॉकलेट बनाने, बेचने और इसे मैनेज करने से लेकर अंत तक की सारी आवश्यक जानकारी दे दी गई है। इसके अलावा आप यह भी सुनिश्चित करें कि आप अपना शोध इस व्यवसाय को लेकर लगातार करते रहे।  आप उन अनुभवी परिचितों का संदर्भ लें, जो आपके पास इस तरह का व्यवसाय कर रहे हैं।  उनके अनुभव का लाभ उठाएं। उम्मीद है, यह मार्गदर्शिका आपके लिए मददगार रहेगी। आपके आने वाले उज्ज्वल भविष्य के प्रयासों के लिये शुभकामनाएं!

This post is also available in: English हिन्दी

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